Kabj ka ilaj in Hindi – कब्ज का घरेलू इलाज उपचार

Kabj ka ilaj in Hindi कब्ज या कॉन्स्टिपेशन अब बहुत ही सामान्य बीमारी बन चुकी है| आमतौर पर किसी भी व्यक्ति को प्रति सप्ताह 3 मल होते हैं| बच्चों को 3 से 4 मल प्रति दिन होते है| कब्ज की बिमारी धीरे-धीरे बढ़ती जा रही है| कब्ज हमारे Digestion system को बहुत कमजोर कर देता है. जिससे अन्य बीमारियाँ होने का खतरा रहता है. इसलिए Kabz ka gharelu ilaj, Kabj ka ilaj in Hindi, kabj ka ilaj upay करने आवश्यक हैं.

Kabj ka ilaj in Hindi

कब्ज के इलाज से पहले आइये जानते हैं कब्ज के बारे में ये क्या होता है.

कब्ज क्या है – kabj kya hai – what is constipation in hindi

कब्ज का मतलब है कि आपकी आंत्र आंदोलन (Bowel Movement)  में कठिनाई आना| या सामान्य मल से कम| खान पान पर ध्यान न देने की वजह से कब्ज हो सकता है| कब्ज के दौरान मल अक्सर सूखा या कठिनाई दायक होता है| कब्ज के दौरान आपको आंत्र आंदोलन में दर्द होता है| कब्ज किसी भी उम्र के इंसान को हो सकता है|

आमतौर पर ये हर व्यक्ति पर आधारित है कि उन्हें कब्ज लम्बे समय तक होगा या थोड़े समय तक होगा| अधिकतर लोगों को थोड़े समय के लिए ही कब्ज होती है परन्तु जिन्हे 3 दिन से ज्यादा दिन तक कब्ज रहती है उन्हें दर्द का सामना करना पड़ता है|

कब्ज होने का कारण – kabj hone ka karan

कब्ज की समस्या होने के बहुत से कारण हैं आइये जानते हैं मुख्य कारणों के बारे में.

1. आहार (Diet)

कब्ज सबसे ज्यादा उन्हें होती है जो कम फाइबर वाले पदार्थ खाते हैं| फाइबर हमारे शरीर के लिए बहुत ही आवश्यक हैं| ज्यादा फाइबर के लिए आपको सेब, ड्राई फ्रूट्स, रास्पबेरी आदि खाना चाहिए|

आजकल सब हरी सब्जी खाने के बजाए जंक फूड्स पर ज्यादा ध्यान देते हैं| जंक फ़ूड को हजम करने में बहुत समय लगता है जिसके कारण कब्ज होता है|

2. पानी (Water)

पर्याप्त मात्रा में पानी न पीने की वजह से कब्ज होता है| पानी कम पीने की वजह से मल सूखा होता है अगर आप ज्यादा से ज्यादा पानी पिएंगे तो आपको मल ठीक से होगा|

3. कैफीन और अलकोहल

कैफीन या अलकोहल लेने से ज्यादा मात्रा मैं मूत्र होता है| हम सब जानते हैं की काम का प्रेशर ज्यादा होने की वजह से हम कैफीन ज्यादा मात्रा में ले लेते हैं| परीक्षा के वक़्त बच्चे चाय या कॉफ़ी पीकर ज्यादा समय तक पड़ते हैं| ऐसा करना आपकी सेहत के लिए हानिकारक हो सकता है| जिसकी वजह से हमारे शरीर में ज्यादा पानी नहीं रह पाता और आपको कब्ज हो जाता है| तो आप कैफीन या अलकोहल ज्यादा मात्रा में मत लें|

4. दवाइयाँ

बहुत सी  दवाइयों के कारण  कब्ज हो सकता है| इन दवाइयों का ज्यादा प्रयोग नहीं करना चाहिए|

  • ऐसी दवा जिनमे कैल्शियम कार्बोनेट या फिर एल्युमीनियम हैडोक्सिडे होता है, इन्हें ज्यादा मात्रा मई नहीं लेना चाहिए
  • दिउरेटिक्स (Diuretics) जो कैफीन या अलकोहल की तरह काम करती है|
  • पेनकिलर्स जिनमे नेक्रोटिक होता है, इन्हे नहीं लेना चाहिए क्यूँकि ये आन्तरा समारोह को दबाते हैं| (Suppress Bowel Function)

5. बुरी लत (Habits)

किसी भी चीज़ की अधिक मात्रा कष्ट दायक ही होती है| अगर आप तम्बाकू या धूम्रपान जैसे पदार्थ का इस्तेमाल करते हैं तो ये आपके कब्ज का कारण बन सकते हैं| धूम्रपान या तम्बाकू आपकी सेहत के लिए हानिकारक होते हैं| इनका इस्तेमाल करने से अन्य कई रोग भी होते हैं|

कब्ज के लक्षण (Constipation Symptoms in Hindi) – kabj ke lakshan

कब्ज के बहुत से लक्षण हैं जिनमें मुख्य-

  • पेट का फूलना, अगर आपको दर्द है तो ये कब्ज के लक्षण हो सकते हैं|
  • मल त्याग बहुत ही कष्टदायक हो|
  • अगर आपको सप्ताह में 3 बार भी मल न हुआ हो|

kabj ka ilaj in hindi – Kabz ka Gharelu ilaj

कब्ज के घरेलु उपचार (Constipation Treatment in Hindi)

कब्ज का इलाज बहुत ही आसान है. बस अपनी देखभाल करने की जरुरत है. आइये जानते हैं-

1. कब्ज को दूर करने के लिए आपको अधिक से अधिक पानी पीना चाहिए ताकि आपका मल नरम हो पाए| अधिक मात्रा में पानी पीने से आपके शरीर में पानी की कमी नहीं होगी जिसकी वजह से आप कब्ज से बच सकते हैं|

2. आपको ज्यादा से ज्यादा फाइबर तत्व ग्रहण करने चाहिए| फलों और सब्जियों का सेवन करें|

3. तेलिय पदार्थ को ग्रहण मत करिये क्यूँकि इन्हे पचने में कठिनाई होती है| और आपकी पाचन किर्या को नुकसान पहुंचाते हैं.

kabj ka ilaj in hindi

Kabj ka ilaj in hindi – Kabz Ka iLaj

4. कब्ज में पैदल चलना बहुत अच्छा होता है| पैदल चलना सेहत के लिए भी अच्छा होता है| अपने जो भी खाया होता है पैदल चलने से वो जल्दी पच जाता है|

5. कब्ज़ से परेशान रोगी को खाने में अमरुद ज़रूर लेना चाहिए| इससे आपके पेट का हाजमा अच्छा रहता है.

6. कब्ज़ से पीड़ित इंसान को अपने पेट से जमे हुए माल को बहार निकलने के लिए 1 कप गरम पानी में निम्बू निचोड़ कर पीना चाहिए|

7. मुन्क्खा कब्ज़ के लिए काफी फायदेमंद साबित हुआ है| रात को सोते समय 10 से 12 मुनखा लें और उनके बीज निकल कर दूध में उबाल कर पी लें| सुबह होने पर आपकी कब्ज़ ठीक हो जाएगी|

8. अगर किसी रोगी को कब्ज़ काफी से चलता आ रहा हो तो उसे सुबह खाली पेट संतरों का रास पीने से कब्ज़ ठीक होगा| आपको संतरे का रास 10 से 12 दिन तक रोज़ खाली पेट पीना है|

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kabj ka ilaj in hindi आपके स्वास्थ्य के लिए बहुत लाभकारी हो सकता है. बताएं हुए उपायों को अच्छे से करें यकीनन आपको इसका लाभ होगा. इस पोस्ट को शेयर जरुर करें.

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